अर्थ की दृष्टि से निम्न में कौन क्रिया-विशेषण का भेद नहीं है? (arth kee drshti se nimn mein kaun kriya-visheshan ka bhed nahin hai?) - www.studyandupdates.com

Thursday

अर्थ की दृष्टि से निम्न में कौन क्रिया-विशेषण का भेद नहीं है? (arth kee drshti se nimn mein kaun kriya-visheshan ka bhed nahin hai?)

69. अर्थ की दृष्टि से निम्न में कौन क्रिया-विशेषण का भेद नहीं है?

  1. स्थानवाचक
  2. कालवाचक
  3. परिमाणवाचक
  4. साधारण

उत्तर :- साधारण




ssc gd model practice set -08


 | ssc gd model practice set in hindi and English 2022-23 |


ssc gd model paper in hindi , ssc gd mock test , ssc gd model practice set 




click%20here%20for%20free%20online%20Mock%20test%20series


क्रिया विशेषण के भेद

क्रिया विशेषण के चार भेद हैं।

  1. कालवाचक क्रियाविशेषण
  2. रीतिवाचक क्रियाविशेषण
  3. स्थानवाचक क्रियाविशेषण
  4. परिमाणवाचक क्रियाविशेषण

कालवाचक क्रिया विशेषण

जिस क्रिया विशेषण से क्रिया के होने के समय का पता चलता है उसे कालवाचक क्रिया विशेषण कहते हैं। जैसे- अब, तब, जब, कब, परसों, कल, पहले, पीछे, कभी, अब तक, अभी-अभी, बार-बार।

रीतिवाचक क्रिया विशेषण

  • जो अविकारी शब्द किसी क्रिया की रीति का बोध कराते हैं, उन्हें रीतिवाचक क्रिया विशेषण कहते हैं।
  • जैसे- सचमुच, ठीक, अवश्य, कदाचित्, यथासम्भव, ऐसे, वैसे, सहसा, तेज़, सच, अत:, इसलिए, क्योंकि, नहीं, मत, कदापि, तो, हो, मात्र, भर आदि।

स्थानवाचक क्रिया विशेषण

  • जो अविकारी शब्द किसी क्रिया के संपादित होने के स्थान का बोध कराते हैं, उन्हें स्थानवाचक क्रिया विशेषण कहते हैं।

जैसे- यहाँ, वहाँ, कहाँ, जहाँ, सामने, नीचे, ऊपर, आगे, भीतर, बाहर आदि।

उदाहरण-

कनिका वहाँ चल रही है। इस वाक्य में "वहाँ" चल क्रिया के व्यापार-स्थान का बोध करा रहीhh है।

परिमाणवाचक क्रिया विशेषण

  • जो अविकारी शब्द किसी क्रिया के परिमाण अथवा निश्चित संख्या का बोध कराते हैं, उन्हें परिमाणवाचक क्रिया विशेषण कहते हैं।
  • जैसे- बहुत, अधिक, अधिकाधिक, पूर्णतया, सर्वथा, कुछ, थोड़ा, काफ़ी, केवल, यथेष्ट, इतना, उतना, कितना, थोड़ा-थोड़ा, तिल-तिल, एक-एक करके, पर्याप्त; आदि ,जितना कुछ ।



footer1



donate-now-button


No comments:

Post a Comment

Popular Posts